Tourist Place in Gonda

स्वामी नारायण छपिया
स्वामी नारायण छपिया मन्दिर गोंडा जिला मुख्यालय से 50 कि०मी० पूर्व और स्वामी नारायण छपिया रेलवे स्टेशन से 1.5 कि०मी दक्षिण में स्थित है । यह स्थल हिन्दू संत स्वामी सहजानन्द (घनश्याम पाण्डेय या स्वामी नारायण ) की पावन जन्म भूमि है जिनका जन्म 3 अप्रैल, 1781 (चैत्र शुक्ल 9, वि.संवत 1837) को हुआ था । स्वामी जी ने अनेक मंदिरों का निर्माण कराया, इनके निर्माण के समय वे स्वयं सबके साथ श्रमदान करते थे।धर्म के प्रति इसी प्रकार श्रद्धाभाव जगाते हुए स्वामी जी ने 1830 ई0 में देह छोड़ दी।

तिरर मनोरमा
गोण्डा शहर के उत्तर से २१ किलोमीटर की दूरी पर यह पवित्र स्थान स्थित है। माना जाता है कि यहाँ पर मुनि उद्दालक का आश्रम स्थित है। इसके अलावा यहीं से मनोरमा नदी की उत्पत्ति हुई थी। साथ ही यहाँ पक्का घाट के साथ प्राचीन सरोवर और मण्दिर स्थित है। प्रत्येक वर्ष कार्तिक पूर्णिमा के अवसर पर यहाँ मेले का आयोजन किया जाता है।

पृथ्वीनाथ मंदिर
पृथ्वीनाथ मंदिर ,भगवान शिव का बहुत बड़ा मंदिर है जो कि गोंडा से लगभग 12 कि०मी० दूर इटियाथोक ब्लाक में पड़ता है । इस मंदिर का शिवलिंग बहुत ऊँचा है । यहाँ हर साल शिवरात्रि के दिन बहुत ही भव्य मेला लगता है ।

पसका
जिला मुख्यालय के दक्षिण-पश्चिम से लगभग 45 किलोमीटर की दूरी पर स्थित पसका सरयू नदी के तट पर स्थित है। यह काफी प्राचीन संगम स्नान स्थल है। पशु-योनि से मुक्ति पाने के लिए काफी संख्या में श्रद्धालु सरयू नदी में स्नान करने के लिये यहाँ आते हैं। ऐसा माना जाता है कि भगवान वराह ने इस जगह पर अवतार लिया था।

गोस्वामी तुलसीदास जन्मस्थली
इसी जनपद के परसपुर ब्लाक के राजापुर नामक गाँव में रामचरितमानस के जैसे महाकाव्य के रचनाकार की जन्मस्थली भी है। सरयू नदी के उत्तर में राजापुर गाँव है जहाँ पर तुलसीदास का जन्म हुआ था। साथ ही साथ सूकरखेत में गोस्वामी जी के गुरु नरहरिदास की मूर्ति एक जीर्ण-शीर्ण मन्दिर में मौजूद है।